पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव ने एक बार फिर अपनी बेबाक बयानबाजी से सियासी पारा बढ़ा दिया है। बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के एक बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए पप्पू यादव अपना आपा खो बैठे और उन्होंने शास्त्री के लिए बेहद आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया। पत्रकारों से बातचीत के दौरान सांसद ने धीरेंद्र शास्त्री को ‘चोर-उचक्का’ तक कह डाला। पप्पू यादव ने साफ तौर पर कहा कि ऐसे लोगों को कथावाचक नहीं माना जा सकता, जिन्हें सनातन धर्म का कोई ज्ञान नहीं है।
‘ओशो हैं क्या? प्रेमानंद जी जैसे बाबा की इज्जत करो’
दरअसल, पत्रकारों ने पप्पू यादव से धीरेंद्र शास्त्री के उस बयान पर सवाल पूछा था जिसमें उन्होंने ‘तिरंगे में चांद’ आने की बात कही थी। इस पर पप्पू यादव भड़क गए। उन्होंने जवाब देते हुए कहा, “ये कौन हैं धीरेंद्र? अब चोरों-उचक्कों को कथावाचक बना रहे हो… ओशो हैं क्या? आचार्य राममूर्ति हैं क्या? वो जो बाबा हैं हमारे बहुत प्यारे… हंसते हैं बहुत, प्रेमानंद जी… ऐसे बाबा की इज्जत करो. ये चोर-उचक्का जिसको कुछ लेना देना नहीं.. सनातन का पता नहीं…” पप्पू यादव ने वृंदावन के प्रेमानंद महाराज की तारीफ की, लेकिन धीरेंद्र शास्त्री को सिरे से खारिज कर दिया।
धीरेंद्र शास्त्री ने क्या कहा था?
यह पूरा विवाद पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के उस बयान से उपजा है जो उन्होंने बीते सोमवार (19 जनवरी, 2026) को यूपी के बांदा में दिया था। आरएसएस के शताब्दी वर्ष हिंदू सम्मेलन में बोलते हुए उन्होंने हिंदुओं को आगाह किया था। शास्त्री ने कहा था, “जिस दिन तिरंगे में चांद आ गया उस दिन न तो शर्मा बचेंगे न वर्मा बचेंगे, न क्षत्रिय बचेंगे न, रविदास वाले बचेंगे, और न तुलसीदास वाले बचेंगे यानी कि कोई भी हिंदू नहीं बचेगा.” उनके इस बयान को लेकर राजनीति तेज हो गई है।
मौलाना शहाबुद्दीन ने भी किया पलटवार
सिर्फ पप्पू यादव ही नहीं, बल्कि ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने भी शास्त्री के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि ऐसी बातें बहुसंख्यक समुदाय को भड़काने और उकसाने के लिए की जा रही हैं। उन्होंने पलटवार करते हुए कहा कि मैं तो कहता हूं कि जिस दिन तिरंगे में चांद लग गया, तो चार चांद हो जाएंगे।