स्टैंड-अप कॉमेडियन और यूट्यूबर समय रैना को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। सुप्रीम कोर्ट ने इंडियाज गॉट लेटेंट में दिव्यांग व्यक्तियों को लेकर की गई विवादित और असंवेदनशील टिप्पणियों के मामले में समय रैना समेत चार अन्य लोगों के खिलाफ दर्ज सभी एफआईआर रद्द कर दी हैं। इसके साथ ही आरोपियों के खिलाफ चल रही आपराधिक कार्यवाही भी समाप्त कर दी गई है।
यह फैसला उस समय आया जब मामले में याचिकाकर्ता एनजीओ की ओर से कोर्ट को बताया गया कि समय रैना अब उनके संपर्क में हैं। उन्होंने स्पाइनल मस्कुलर एट्रॉफी (SMA) से पीड़ित लोगों की उपलब्धियों के बारे में जागरूकता फैलाने और उन्हें प्रमोट करने की इच्छा जताई है। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि एसएमए से पीड़ित लोगों की सहायता के लिए सरकार को आवश्यक निर्देश देने के मुद्दे पर सुनवाई आगे भी जारी रहेगी।
सुप्रीम कोर्ट ने समय रैना और अन्य आरोपियों के लिए क्या कहा?
सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा है कि समय रैना और अन्य लोगों की ओर से दिव्यांग लोगों (Differently Abled) के लिए जागरूकता कार्यक्रम चलाने और फंड जुटाने की कोशिशें की गई हैं। कोर्ट ने कहा है कि जब सच्ची कोशिशें होती है, तो अच्छे नतीजे जरूर मिलते हैं। वे बहुत होनहार युवा है। अगर उन्होंने सही दिशा में काम करना शुरू किया है, तो नतीजा भी अच्छा ही होगा।
बेंच ने यह भी कहा कि इस मामले से जुड़े व्यापक मुद्दे पर सुनवाई जारी रखी जाएगी। कोर्ट दिव्यांग लोगों से सुझाव लेने पर भी विचार करेगा, ताकि इस तरह के कंटेंट की बेहतर निगरानी के लिए उचित व्यवस्था तैयार की जा सके और उसी आधार पर आवश्यक निर्देश जारी किए जा सकें।
अदालत ने अपने आदेश में कहा कि प्रतिवादी 6-10 (आरोपी कॉमेडियन) से जुड़ा मामला बंद किया जाता है। सभी के खिलाफ आपराधिक कार्यवाही रद्द की जाती है। इससे जुड़ी बाकी सभी कार्यवाही खत्म की जाती है। बड़े मुद्दे पर निर्देश जारी करने के लिए मामले को लिस्ट किया जाएगा।
14 नवंबर 2024 को शूट हुआ था विवादित एपिसोड
बता दें कि इंडियाज गॉट लेटेंट का विवादित एपिसोड 14 नवंबर 2024 को मुंबई के खार हैबिटैट में शूट किया गया था। बाद में इस एपिसोड को प्रसारित किया गया। शो में शामिल कई इन्फ्लुएंसर और कॉमेडियन पर दिव्यांग लोगों को लेकर असंवेदनशील टिप्पणी करने के आरोप लगे थे, जिसके बाद उनके खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज किए गए।
रणवीर इलाहाबादिया की याचिका अभी लंबित
इस पूरे मामले में यूट्यूबर रणवीर इलाहाबादिया से जुड़ी याचिका अभी सुप्रीम कोर्ट में लंबित है। उन लोगों में रणवीर इलाहाबादिया भी शामिल थे, जिनके खिलाफ कथित अपमानजनक टिप्पणियों को लेकर मामले दर्ज किए गए थे। उनका यूट्यूब चैनल बीयर बाइसेप्स के नाम से जाना जाता है।
रणवीर इलाहाबादिया ने अपने खिलाफ दर्ज मामलों में राहत की मांग करते हुए सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था। उनकी याचिका पर अभी फैसला नहीं हुआ है। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा प्रदान की थी।