लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार (6 जनवरी 2026) को हुई कैबिनेट बैठक में उत्तर प्रदेश की जनता के लिए कई बड़े फैसले लिए गए हैं। बैठक में कुल 14 प्रस्ताव रखे गए थे, जिनमें से 13 प्रस्तावों को मंजूरी मिल गई है।
कैबिनेट के 3 सबसे अहम फैसले:
1. सिर्फ 5000 में नाम होगी प्रॉपर्टी (बड़ी राहत)
स्टांप एवं पंजीयन मंत्री रविन्द्र जायसवाल ने खुशखबरी दी है:
- फैसला: अब अगर कोई व्यक्ति अपने परिवार (Blood Relation) के किसी सदस्य को अपनी प्रॉपर्टी दान (Gift) करता है, तो उसे भारी-भरकम रजिस्ट्री फीस नहीं देनी होगी। इसके लिए स्टांप ड्यूटी अब सिर्फ 5000 रुपये तय कर दी गई है।
- अन्य: कुशीनगर और झांसी में नए स्टांप कार्यालय बनाने को भी मंजूरी मिली है।
2. फर्जी डिग्री बांटने वाली JS यूनिवर्सिटी की मान्यता रद्द
उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने बताया कि शिकोहाबाद स्थित JS यूनिवर्सिटी (स्थापना 2015) की मान्यता खत्म कर दी गई है।
- वजह: यूनिवर्सिटी पर फर्जी मार्कशीट और डिग्री बांटने के आरोप थे। डीएम और आर्थिक अपराध शाखा की जांच में यूनिवर्सिटी सहयोग नहीं कर रही थी।
- छात्रों का क्या होगा: सरकार ने फैसला किया है कि अब इस यूनिवर्सिटी के छात्रों की डिग्री सत्यापन और संचालन का जिम्मा डॉ. बीआर आंबेडकर विश्वविद्यालय, आगरा को सौंपा गया है, ताकि छात्रों का भविष्य खराब न हो।
3. 10 हजार नौकरियों का रास्ता साफ
मंत्री नंद गोपाल नंदी ने बताया कि ‘ग्लोबल कैपेसिटी सेंटर’ की नई नीति (SOP) को मंजूरी दे दी गई है।
- वित्त वर्ष में 21 औद्योगिक कंपनियों का निर्माण और संचालन शुरू होगा। इससे प्रदेश में निवेश बढ़ेगा और 10,000 से ज्यादा युवाओं को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलेगा।