बेंगलुरु: कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने चुनाव आयोग और बीजेपी पर सीधे आरोप लगाते हुए दावा किया कि बेंगलुरु सेंट्रल लोकसभा सीट के महादेवापुरा विधानसभा क्षेत्र में एक लाख से ज्यादा वोटों की “चोरी” हुई है। उन्होंने कहा कि यह न सिर्फ लोकतंत्र बल्कि संविधान पर भी सीधा हमला है और इसे गंभीर आपराधिक कृत्य मानते हुए राज्य सरकार को तुरंत जांच शुरू करनी चाहिए।
“एक न एक दिन चुनाव आयोग को हमारा सामना करना ही पड़ेगा”
फ्रीडम पार्क में आयोजित ‘मतदाता अधिकार रैली’ में राहुल गांधी ने चेतावनी भरे लहजे में कहा,
“चुनाव आयोग के हर अधिकारी और इलेक्शन कमिश्नर को यह बात अच्छी तरह समझ लेनी चाहिए कि एक न एक दिन आपको हमारा सामना करना होगा।”
उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस ने सिर्फ एक विधानसभा सीट की जांच में छह महीने लगाए हैं, लेकिन अगर आयोग ने जरूरी डेटा नहीं दिया, तो बाकी सीटों पर भी इसी तरह सच्चाई उजागर की जाएगी।
महादेवापुरा में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़े का दावा
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि महादेवापुरा विधानसभा क्षेत्र में फर्जी वोटरों को जोड़ने के लिए पांच तरीके अपनाए गए:
- 11,965 डुप्लीकेट वोटर
- 40,009 अवैध पते
- 10,452 वोटर एक ही पते पर
- 4,132 गलत फोटो के साथ नामांकन
- 33,692 वोटरों को फॉर्म-6 का दुरुपयोग कर जोड़ा गया
कुल मिलाकर, उन्होंने दावा किया कि चुनाव आयोग और बीजेपी की मिलीभगत से 1,00,250 फर्जी वोट दर्ज किए गए हैं।
“हमारा डेटा अपराध का सबूत है”
राहुल ने कहा,
“हमने हर एक नाम को चेक किया, लाखों फोटो से मिलान किया। कई घरों में 40 से 50 वोटर रजिस्टर हैं लेकिन असल में वहां कोई नहीं रहता। कई ऐसे घर बीजेपी नेताओं के हैं। एक ही वोटर चार पोलिंग बूथ पर वोट डाल रहा है।”
चुनाव आयोग, 5 सवाल हैं – देश जवाब चाहता है:
1. विपक्ष को डिजिटल वोटर लिस्ट क्यों नहीं मिल रही? क्या छिपा रहे हो?
2. CCTV और वीडियो सबूत मिटाए जा रहे हैं – क्यों? किसके कहने पर?
3. फर्जी वोटिंग और वोटर लिस्ट में गड़बड़ी की गई – क्यों?
4. विपक्षी नेताओं को धमकाना, डराना – क्यों?… pic.twitter.com/P0Wf4nh5hc— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) August 8, 2025
उन्होंने यह भी बताया कि करीब 40 हजार वोटर ऐसे हैं जिनका कोई पता नहीं, जबकि हजारों बल्क वोटर एक ही पते पर दर्ज हैं।
मोदी सरकार पर निशाना: “25 सीटों से बने प्रधानमंत्री”
राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी हमला करते हुए कहा,
“पीएम मोदी 25 सीटों के अंतर से प्रधानमंत्री हैं। ये सीटें 33 हजार से कम वोटों से जीती गई हैं।”
उन्होंने चुनाव आयोग से पिछले दस साल की वोटर लिस्ट, मतदान से जुड़ी वीडियोग्राफी और डेटा सार्वजनिक करने की मांग की और कहा कि अगर यह डेटा कांग्रेस को दिया जाए, तो वे पूरे देश में हुए फर्जीवाड़े को साबित कर सकते हैं।
रैली का माहौल और कार्यकर्ताओं का जोश
फ्रीडम पार्क में सुबह से ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं का जोश देखने लायक था। जगह-जगह लगे होर्डिंग्स में चुनाव आयोग से सवाल पूछे जा रहे थे। रैली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सीएम सिद्धारमैया, डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार, रणदीप सुरजेवाला और अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद थे।
कार्यकर्ताओं में चुनाव आयोग के खिलाफ गुस्सा भी देखने को मिला। कई युवाओं ने कन्नड़ भाषा में “वोट चोरी बंद करो” के नारे लगाए। एक स्थानीय कार्यकर्ता ने कहा, “अगर यह अपराध है तो सरकार को जांच कर आरोपियों पर मामला दर्ज करना चाहिए।”