बरेली, 1 अक्टूबर 2025: बरेली हिंसा मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए डॉ. नफीस, उसके बेटे फरमान समेत कुल 8 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि नफीस ने न सिर्फ पुलिस इंस्पेक्टर को धमकी दी थी, बल्कि सोशल मीडिया पर भड़काऊ वीडियो के जरिए माहौल बिगाड़ने की कोशिश भी की थी।
सोशल मीडिया से भड़काया माहौल
पुलिस के मुताबिक, नफीस हिंसा भड़काने के लिए सोशल मीडिया पर गलत और भड़काऊ बयान देता था, जबकि उसका बेटा फरमान वीडियो और पोस्ट शेयर करने का काम करता था। आरोप है कि फरमान ने मौलाना की पुरानी वीडियो को वायरल कर लोगों को उकसाने का प्रयास किया।
फर्जी अपील से फैलाई अफवाह
पुलिस ने बताया कि इन लोगों ने एक फर्जी अपील जारी कर लोगों को गुमराह किया। जब पुलिस ने नफीस से इसे हटाने के लिए कहा तो उसने भीड़ न आने की पोस्ट डालकर उसका स्क्रीनशॉट पुलिस को भेजा और फिर पोस्ट डिलीट कर दिया।
एसएसपी ने दी जानकारी
बरेली पुलिस के एसएसपी ने बताया कि, “डॉ. नफीस और उसके बेटे को गिरफ्तार किया गया है। जांच में यह सामने आया है कि हिंसा की साजिश में यही लोग शामिल थे। उन्होंने गलत तरीके से अपील को फर्जी बताते हुए लोगों को भ्रमित किया ताकि बड़ी संख्या में भीड़ जुट सके।”
उन्होंने बताया कि अब तक कुल 81 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। आरोप है कि जुमे की नमाज का समय बदलकर उपद्रव की योजना बनाई गई थी और लोगों को इस्लामियां ग्राउंड में इकट्ठा होने के लिए कहा गया था।
किन धाराओं में केस?
फिलहाल नफीस और फरमान पर दंगा करने, साजिश रचने और लोगों को भड़काने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। पुलिस पूरे नेटवर्क की तहकीकात कर रही है ताकि हिंसा की जड़ तक पहुंचा जा सके।