
अमेरिका ने तीन महीने में 90 हजार भारतीय छात्रों को वीजा जारी किया है। इस बात की जानकारी सोमवार को भारत में अमेरिकी दूतावास ने दी। जून, जुलाई और अगस्त महीने में इतनी बड़ी संख्या में बांटा गया वीजा भारत और अमेरिका के एजुकेशनल एक्सचेंज में एक मील का पत्थर है।
अमेरिकी एंबेसी ने एक्स पर एक पोस्ट शेयर की है। इसमें लिखा है कि इस साल दुनिया भर छात्रों को जितना वीजा दिया गया, उनमें से एक चौथाई भारत से हैं। आगे लिखा है कि अमेरिका में अपनी उच्च शिक्षा के सपने को हकीकत बनाने वाले सभी छात्रों को बधाई। एंबेसी के मुताबिक बेहतर टीम वर्क और इन्नोवेशन के दम पर हमने सभी अप्लीकेंट्स को समय पर इसे उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया।
रिकॉर्ड संख्या में वीजा
इस साल छात्र वीजा आवेदन शुरू होने के अमेरिकी मिशन के पहले के अनुमान को देखते हुए इस संख्या से कोई हैरानी नहीं होती है। भारत में कांसुलर मामलों के कार्यवाहक मंत्री काउंसलर ब्रेंडन मुल्लार्की ने जून में जोर देकर कहा था कि पिछले साल, रिकॉर्ड तोड़ 125,000 भारतीयों को छात्र वीजा जारी किए गए थे। यह किसी भी अन्य देश के छात्रों के लिए जारी किए गए वीजा से अधिक है। गर्मियों में 90,000 से अधिक स्टूडेंट वीजा जारी करने के साथ, अमेरिका जल्द ही एक नया रिकॉर्ड दर्ज करने को तैयार है। वर्तमान एकेडमिक वर्ष में 200,000 से अधिक भारतीय छात्र अमेरिका में पढ़ाई कर रहे हैं। यह वर्तमान में अमेरिका में 20 फीसदी से अधिक अंतरराष्ट्रीय छात्रों का प्रतिनिधित्व करते हैं।
साइन हुआ है एमओयू
शिक्षा क्षेत्र में साझेदारी के लिए चल रहे प्रयासों के तहत जी 20 सम्मेलन के दौरान पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडेन के बीच एक एमओयू साइन हुआ है। इसके तहत भारत-अमेरिका के बीच वर्चुअल इंस्टीट्यूट स्थापित करने की तैयारी है। भारत-अमेरिका ग्लोबल चैलेंज इंस्टीट्यूट वर्चुअल तरीके से काम करेगा और दोनों देशों के साझेदार उच्च शिक्षा संस्थानों के परिसरों में उभरते क्षेत्रों में शोध करेगा। अमेरिका में पढ़ाई के लिए इंट्रेस्टेड लोगों के लिए ‘एजुकेशन यूएसए’ की सुविधा दी जाती है। इस सलाह सेवा के जरिए एडमिशन और वीजा से जुड़ी जानकारियां मुहैया कराई जाती हैं। एजुकेशन यूएसए भारत भर में आठ सलाह केंद्रों के साथ मान्यता प्राप्त अमेरिकी कॉलेजों और विश्वविद्यालयों का प्रतिनिधित्व करता है।