ईरान में हॉलीवुड स्टाइल सीक्रेट ऑपरेशन, दुश्मन के बीच फंसे अमेरिकी पायलट को ऐसे निकाला गया जिंदा, दुनिया रह गई हैरान

ईरान के भीतर अमेरिकी सेना ने एक बेहद खतरनाक और साहसिक रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम देकर अपने फंसे एयरफोर्स अधिकारी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। शनिवार रात अमेरिकी स्पेशल ऑपरेशंस फोर्सेज ने दुश्मन के इलाके में चलाए गए इस मिशन के दौरान लापता अधिकारी को सफलतापूर्वक बचाया। राहत की बात यह रही कि पूरे ऑपरेशन में रेस्क्यू टीम का कोई भी सदस्य हताहत नहीं हुआ। घायल अधिकारी को तुरंत इलाज के लिए कुवैत भेज दिया गया, जहां उसकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

F-15E जेट गिरने के बाद दुश्मन इलाके में फंसा अधिकारी

जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को ईरान ने अमेरिकी F-15E स्ट्राइक ईगल लड़ाकू विमान को मार गिराया था। विमान क्रैश होने से पहले दोनों क्रू मेंबर्स ने इजेक्ट कर लिया था। पायलट को जल्द ही सुरक्षित निकाल लिया गया, लेकिन वेपन्स सिस्टम्स ऑफिसर दुश्मन के नियंत्रण वाले क्षेत्र में फंस गया। बताया गया कि वह लगभग 24 घंटे तक केवल एक पिस्तौल के सहारे छिपकर अपनी जान बचाता रहा। इस दौरान ईरानी सेना ने पूरे इलाके को घेर लिया और स्थानीय लोगों को इनाम देने की घोषणा भी की, लेकिन सरकार विरोधी माहौल के कारण अधिकारी को छिपने में मदद मिलती रही।

सैकड़ों कमांडो और अत्याधुनिक संसाधनों का इस्तेमाल

फंसे अधिकारी को निकालने के लिए अमेरिकी सेना ने बड़े स्तर पर ऑपरेशन की योजना बनाई। न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, इस मिशन में सैकड़ों स्पेशल ऑपरेशंस सैनिक शामिल किए गए। ऑपरेशन के दौरान कई युद्धक विमान, हेलिकॉप्टर, साइबर सिस्टम, स्पेस टेक्नोलॉजी और उन्नत खुफिया संसाधनों का उपयोग किया गया, जिससे मिशन को सटीक तरीके से अंजाम दिया जा सका।

कम्युनिकेशन डिवाइस बना लाइफलाइन

रिपोर्ट के अनुसार, फंसा हुआ अमेरिकी अधिकारी एक सुरक्षित कम्युनिकेशन डिवाइस और बीकन के जरिए लगातार रेस्क्यू टीम के संपर्क में था। जैसे ही अमेरिकी कमांडो अधिकारी के करीब पहुंचे, इलाके में भारी गोलीबारी शुरू हो गई। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अमेरिकी लड़ाकू विमानों ने अधिकारी की लोकेशन के पास पहुंच रहे ईरानी काफिलों पर बमबारी की, ताकि रेस्क्यू टीम सुरक्षित तरीके से ऑपरेशन पूरा कर सके।

CIA की ‘अनकन्वेंशनल असिस्टेड रिकवरी’ रणनीति रही अहम

इस पूरे मिशन में CIA ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। ‘अनकन्वेंशनल असिस्टेड रिकवरी’ रणनीति के तहत एजेंसी ने स्थानीय नागरिकों से संपर्क स्थापित करने में मदद की, जिससे ऑपरेशन को निर्णायक बढ़त मिली। मिशन के अंतिम चरण में तकनीकी समस्या सामने आई, जब रेस्क्यू टीम और अधिकारी को ले जाने वाले दो ट्रांसपोर्ट विमान ईरान के एक दूरस्थ बेस पर फंस गए। इसके बाद कमांडरों ने तुरंत तीन नए विमान भेजने का फैसला लिया और खराब विमानों को बम से नष्ट कर दिया गया ताकि वे ईरान के हाथ न लग सकें। इसके बाद सभी सैन्य कर्मियों और बचाए गए अधिकारी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।

इतिहास के सबसे जटिल मिशनों में गिना जा रहा ऑपरेशन

एक वरिष्ठ अमेरिकी सैन्य अधिकारी ने इस मिशन को इतिहास के सबसे चुनौतीपूर्ण और जटिल सैन्य अभियानों में से एक बताया है। दुश्मन के इलाके में सैकड़ों सैनिकों और अत्याधुनिक तकनीक के साथ चलाया गया यह ऑपरेशन अमेरिकी सैन्य क्षमता का बड़ा उदाहरण माना जा रहा है। फिलहाल बचाए गए अधिकारी का इलाज कुवैत में विशेषज्ञों की निगरानी में जारी है और इस सफलता से अमेरिकी सेना का मनोबल बढ़ा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *