उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची को अपडेट करने का काम (UP SIR) युद्धस्तर पर चल रहा है, लेकिन अगर आप नया नाम जुड़वाने की सोच रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। राज्य निर्वाचन आयोग ने नियमों में एक बड़ा बदलाव करते हुए स्पष्ट किया है कि अब फॉर्म-6 भरने के साथ-साथ एक घोषणा पत्र भरना भी अनिवार्य कर दिया गया है। अगर आप ऐसा नहीं करते हैं, तो आपका आवेदन अटक सकता है। आयोग ने साफ किया है कि फॉर्म में आवेदक का नाम और पता बिल्कुल सही स्पेलिंग में होना चाहिए और साथ में लेटेस्ट फोटो और मोबाइल नंबर भी देना होगा।
नवदीप रिणवा ने बताई नई गाइडलाइन
यूपी के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने इस नई व्यवस्था को लेकर स्थिति स्पष्ट की है। उन्होंने कहा, “विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्यक्रम-2026 के अन्तर्गत नागरिकों द्वारा भरे जाने वाले फार्म-6 के साथ घोषणा पत्र अनिवार्य रूप से भरा जायेगा. फार्म-6 में आवेदक का नाम व सही पता शुद्ध वर्तनी में, नवीनतम स्पष्ट फोटो एवं वर्तमान मोबाइल नम्बर अंकित किया जाना आवश्यक है.” इसका मतलब साफ है कि अब सिर्फ फॉर्म भरने से काम नहीं चलेगा, घोषणा पत्र देना ही होगा।
2003 की लिस्ट से जुड़ेगा कनेक्शन
आयोग की तरफ से जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि इस घोषणा पत्र में आपको वर्ष 2003 की मतदाता सूची से अपना या अपने परिवार (माता-पिता, दादा-दादी या नाना-नानी) का विवरण भरना होगा। इसमें विधानसभा क्षेत्र, भाग संख्या और क्रम संख्या बतानी होगी। अगर डेटाबेस में आपकी मैपिंग सही पाई गई, तो कोई दिक्कत नहीं होगी। लेकिन अगर 2003 की लिस्ट का विवरण नहीं मिला या डेटा मैच नहीं किया, तो आवेदक को नोटिस जारी किया जाएगा।
अगर नोटिस मिला तो क्या करें?
नोटिस का जवाब देने के लिए जन्मतिथि के हिसाब से अलग-अलग नियम बनाए गए हैं:
- 1 जुलाई 1987 से पहले जन्म: अगर आपका जन्म भारत में इस तारीख से पहले हुआ है, तो आपको जन्मतिथि या जन्मस्थान के सबूत के लिए आयोग द्वारा निर्धारित 13 दस्तावेजों (जैसे आधार, पासपोर्ट, 10वीं की मार्कशीट आदि) में से कोई एक देना होगा।
- 1987 से 2004 के बीच जन्म: अगर जन्म 01.07.1987 से 02.12.2004 के बीच हुआ है, तो आपको अपने जन्म प्रमाण के साथ-साथ माता या पिता में से किसी एक के जन्म का सबूत भी देना होगा।
- 2004 के बाद जन्म: अगर जन्म 02.12.2004 के बाद हुआ है, तो आवेदक को अपने प्रमाण के साथ माता और पिता, दोनों के जन्म प्रमाण पत्र या दस्तावेज देने होंगे।
उम्र और पते के सबूत के लिए ये कागज होंगे मान्य
- उम्र के लिए: जन्म प्रमाण पत्र, आधार, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, 10वीं/12वीं की मार्कशीट या पासपोर्ट। अगर ये नहीं हैं और उम्र 18-21 साल है, तो माता-पिता या गुरु (किन्नर के मामले में) का शपथ पत्र लगेगा। 21 साल से ऊपर वाले खुद का घोषणा पत्र दे सकते हैं।
- पते के लिए: आधार, एक साल पुराना बिजली/पानी/गैस का बिल, बैंक पासबुक, पासपोर्ट, जमीन के कागज, रेंट एग्रीमेंट या सेल डीड। अगर इनमें से कुछ नहीं है, तो अधिकारी मौके पर जाकर वेरिफिकेशन (स्थलीय सत्यापन) करेंगे।