भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने बुधवार, 9 सितंबर 2026 को उत्तराखंड दौरे के दौरान कांग्रेस और उसके शीर्ष नेताओं पर जमकर निशाना साधा। हल्द्वानी में आयोजित बीजेपी की एक्सटेंडेड स्टेट वर्किंग कमेटी मीटिंग को संबोधित करते हुए उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी पर कई गंभीर आरोप लगाए।
नितिन नबीन ने कहा कि बीजेपी अध्यक्ष बनने के बाद उत्तराखंड का उनका यह दूसरा प्रवास है। उन्होंने उत्तराखंड की ऊर्जा का जिक्र करते हुए कहा कि यहां से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी ऊर्जा मिलती है। अपने संबोधन में उन्होंने राष्ट्रवाद, दलित सम्मान, सीमा सुरक्षा और चीन से जुड़े मुद्दों पर कांग्रेस की पिछली सरकारों को घेरा।
राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे पर Nitin Nabin का हमला
बीजेपी अध्यक्ष ने वंदे मातरम को लेकर विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा, ‘कुछ लोग वंदे मातरम कहने में शर्मिंदगी महसूस करते हैं. राहुल मियां आप वंदे मातरम का महत्व समझ ही नहीं सकते, आपकी माताश्री और पार्टी अपमानित महसूस करती है. वंदे मातरम में हमारे सम्मान का प्रतीक है, लेकिन जिन्होंने देश के डेमोग्राफी बिगाड़ने का काम किया है, राज्य की डेमोग्राफी बिगाड़ने का काम किया है, वो देश की जमीं से प्यार कर ही नहीं सकते हैं.’
मल्लिकार्जुन खरगे पर निशाना साधते हुए नितिन नबीन ने कहा, ‘इस धरती से कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने एक राजनैतिक खेल खेलने का काम किया है, लेकिन खरगे जी से मैं कहना चाहता हूं कि ये आपकी जो विभाजनकारी राजनीति और सोच है, वो उत्तराखंड की पवित्र भूमि को अपवित्र कर ही नहीं सकती है.’
उन्होंने कांग्रेस की राजनीति और उसके कथित बयानों को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि उत्तराखंड की धार्मिक एवं सांस्कृतिक भावनाओं को राजनीतिक मुद्दों से प्रभावित नहीं किया जा सकता।
अंबेडकर और जगजीवन राम का जिक्र कर कांग्रेस को घेरा
नितिन नबीन ने कांग्रेस के इतिहास का जिक्र करते हुए दलितों के सम्मान के मुद्दे पर पार्टी को घेरा। उन्होंने कहा, ‘हमारे लिए यहां के हर कंकड़ में शंकर बसा है, हम उस सोच के लोग हैं, लेकिन ये जरूर है कि आपने जो खेल खेलने का काम किया है, जिस पवित्र भूमि से आपने धर्म विशेष के नारे लगाए, जिस पवित्र भूमि को अपमानित करने का प्रयास किया, मैं उसको षडयंत्र मानता हूं, लेकिन मैं कांग्रेस से पुछता हूं कि आपका इतिहास क्या रहा है?’
उन्होंने आगे कहा, ‘बाबा साहेब बीआर अंबेडकर जी को हराने का काम किया, तो नेहरू जी ने पत्र लिखा था बड़ी प्रसन्नता के साथ एडविन माउंट बेटेन को कि हम बाबा साहेब अंबेडकर को चुनाव हराने में सफल रहे और ये हमारी बड़ी जीत हुई है. जिस दलित परिवार के बच्चे ने देश संविधान लिखने का काम किया और देख के दिशा देने का काम किया, उसको आपके नेतृत्व ने अपमानित करने का काम किया.’
इसके बाद उन्होंने बाबू जगजीवन राम और हाल के राजनीतिक घटनाक्रमों का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर दलितों के साथ कथित दुर्व्यवहार का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, ‘आपने बाबू जगजीवन राम जी को कांग्रेस नेतृत्व दूरव्यवहार करके पार्टी से निकालने का काम किया, ये आपका इतिहास रहा है. अभी हाल ही में राजस्थान में अपने ही नगर अध्यक्ष को जो दलित समाज से आते हैं, उनको पार्टी के नेताओं ने सरेआम पीटने का काम किया है. कर्नाटक में जहां से राष्ट्रीय अध्यक्ष जी आते हैं आर अखंड निवास मूर्ती के घर पर जो वहां के पूर्व विधायक हैं और जो दलित परिवार से आते हैं, उनके घर को पीएफआई के दंगाईयों ने जलाकर राख कर दिया, लेकिन किसी कांग्रेस के नेता ने कोई आवाज नहीं उठाया. इनका इतिहास रहा है, दलितों के अपमान करने का रहा है.’
चीन और Border Security को लेकर भी कांग्रेस पर निशाना
बीजेपी अध्यक्ष ने कहा कि उनकी पार्टी ने सरकार केवल सत्ता हासिल करने के लिए नहीं बनाई, बल्कि देशवासियों के सम्मान और स्वाभिमान को मजबूत करने के लिए काम किया है। उन्होंने महिलाओं की भागीदारी और देश की सुरक्षा को भी सरकार की उपलब्धियों से जोड़ा।
नितिन नबीन ने कहा, ‘हमने सरकार सिर्फ सत्ता के लिए नहीं बनाया, लेकिन देश की जनता को सम्मान देने का काम किया है. सम्मान और स्वाभिमान बढ़नने का काम किया है, भारतवासी का सीना चौड़ा हो जाता है, 140 करोड़ जनता को सुरक्षित करने का काम किया है. महिलाओं को सम्मान और भागीदारी मिली है. इससे नेतृत्व को ऊर्जा मिलती है.’
उन्होंने 2012 में चीन की सीमा पर अपने दौरे का जिक्र करते हुए सीमा क्षेत्र में सड़क निर्माण को लेकर भी कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, ‘जब मैं 2012 में चीन के बॉर्डर पर गया था, तो देखा कि सीमा तक सडक नहीं थी, सोच थी कि चीन इसी सड़क से 1962 में घुसपैठ किया था. 2014 में, लेकिन नेतृत्व परिवर्तन के बाद सरकार की सोच बदली और पक्की सडक का निर्माण किया गया. आज चीन को हिम्मत नहीं है कि हमें आंख दिखा सके. हमने सैनिकों के सम्मान देने का काम किया है. पहले दुश्मन हमारे सैनिकों का सिर काट देते थे और पहले की सरकार मौन बैठी रहती थी, लेकिन आज समय बदला है.’
नितिन नबीन के इस बयान के बाद उत्तराखंड में बीजेपी और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने के आसार हैं। उनके संबोधन में राष्ट्रवाद, धार्मिक मुद्दों, दलित सम्मान और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे विषय प्रमुख रहे।