
पाकिस्तान में दो बार हुकूमत करने वाले नवाज शरीफ आज चार साल बाद पाकिस्तान लौट रहे हैं। पाकिस्तान पहुंचने से पहले पूर्व प्रधान मंत्री नवाज शरीफ ने देश में “बहुत अराजक” स्थिति की निंदा की और विश्वास व्यक्त किया कि उनकी पीएमएल-एन पार्टी देश को आर्थिक संकट से उबारने में जरूर कामयाब होगी।नवाज 2019 में इलाज के नाम पर लंदन रवाना हुए थे, तब पाकिस्तान की हालत कुछ और थे और अब कुछ और। कितना बदल चुका है पाकिस्तान?पूर्व वित्त मंत्री और पीएमएल-एन के दिग्गज नेता इशाक डार ने पुष्टि की कि 73 वर्षीय पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) सुप्रीमो एक चार्टर्ड विमान से दुबई से इस्लामाबाद के लिए उड़ान भरेंगे। डार ने पत्रकारों से कहा, “इस्लामाबाद में करीब एक घंटे रुकने के बाद वह मीनार-ए-पाकिस्तान में एक रैली को संबोधित करने के लिए लाहौर के लिए रवाना होंगे।”
2017 की तुलना में बहुत खराब स्थिति
दुबई हवाई अड्डे पर पत्रकारों से बात करते हुए नवाज शरीफ ने देश की मौजूदा स्थिति की निंदा की। उनके शब्दों में 2017 की तुलना में पाक में मौजूदा हालात बहुत खराब हैं। 2017 में उन्हें सुप्रीम कोर्ट ने अयोग्य घोषित कर दिया था और बाद में भ्रष्टाचार के दो मामलों में एक जवाबदेही अदालत द्वारा दोषी ठहराया गया था। शरीफ ने कहा, ”स्थिति 2017 से बेहतर नहीं है…और यह सब देखकर मुझे दुख होता है कि हमारा देश आगे बढ़ने के बजाय पीछे चला गया है।” उन्होंने कहा कि यह सोचने का समय है कि देश इस स्थिति में क्यों आया?
कितना बदल गया पाकिस्तान
पीएमएल-एन के नेता इस बात का दावा और उम्मीद जता रहे हैं कि नवाज शरीफ के पाकिस्तान लौटने के बाद देश की स्थिति थोड़ा बेहतर होगी। जबकि दूसरी ओर उनके राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों का मानना है कि नवाज़ शरीफ़ का राजनैतिक इतिहास और वर्तमान हालात की तुलना की जाए तो आने वाला समय आसान नहीं रहने वाला है। लेकिन, यह बात तो तय है कि नवाज को इस बार नए पाकिस्तान का सामना करना पड़ेगा।
चीन के भरोसे और पाक की डूबती नैय्या
पाकिस्तान के मौजूदा हालात पर बात करें तो देश आर्थिक दुर्दशा का सामना कर रहा है। कई विपक्षी नेता हुकूमत पर आरोप लगाते रहे हैं कि भारत जैसे पड़ोसी देशों की तुलना में पाकिस्तान की हालत बेहद खराब है। एक साथ आजादी मिलने के बाद भी पाक दुनिया में अपनी जगह बनाने में नाकाम रहा है। पाकिस्तान चीनी ऋण के चलते गले तक कर्ज में डूबा है और जनता पर महंगाई और टेक्स की मार लगातार बढ़ती जा रही है। पेट्रोल और रोजमर्रा की चीजों के दाम लगातार बढ़ रहे हैं।
हाल ही में दिवालिया के कगार पर खड़ी पाकिस्तानी एयरलाइनंस पीआईए को ईंधन की कमी की वजह से 48 फ्लाइट्स रद्द करवानी पड़ी। इसमें 12 अंतरराष्ट्रीय उड़ानें भी शामिल थीं।
2018 में जेल पहुंचे फिर लंदन भागे
साल 2017 में जब नवाज शरीफ को पाकिस्तान की सत्ता से बेदखल किया गया तो अगले साल ही उन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए। जानकार मानते हैं कि तब नवाज ने अपनी राजनीति बदली और सेना की तरफ झुकाव कम किया और वोट को इज्जत दो का नारा दिया। साल 2018 में अपनी बेटी के साथ उन्हें जेल की हवा भी खानी पड़ी और फिर इलाज का बहाना बनाकर वो लंदन भाग गए। नवाज की गैरमौजूदगी में इमरान खान देश की राजनीति में उभरकर सामने आए और सत्ता के शीर्ष पर पहुंचे। हालांकि अभी इमरान जेल में हैं और पाकिस्तान में आगामी चुनाव से पहले नवाज वतन वापसी कर रहे हैं।