
वह दिन अब लद गए जब महिलाएं घर में उपले बनाने और चौका-बर्तन तक ही सीमित रहती थीं। अन्य क्षेत्रों की तर्ज पर इन्हें कृषि क्षेत्र में भी बढ़ावा दिया जा रहा है। सरकार की मंशा के अनुसार कृषि विभाग ने कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय की ड्रोन दीदी योजना के तहत महिलाओं को प्रशिक्षित करना शुरू किया है।राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ीं यह महिलाएं प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद निर्धारित शुल्क लेकर फसलों पर कीटनाशक और रसायन का छिड़काव करेंगी।जिला कृषि अधिकारी सुभाष मौर्या ने बताया कि जिले के 888 ग्राम पंचायतों के 1550 राजस्व गांवों में किसान पाठशाला का आयोजन किया जा रहा है। इसमें जनपद के अलग-अलग ब्लॉकों की महिलाओं को ड्रोन चलाने के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इन महिलाओं को विभाग छूट पर ड्रोन उपलब्ध कराएगा। बाद में यही महिलाएं निर्धारित पारिश्रमिक के आधार पर खेतों में लगी फसलों पर कीटनाशक और उर्वरकों की छिड़काव करेंगी।
पहले चरण में 12 महिलाएं प्रशिक्षित
जिला कृषि अधिकारी मौर्या ने बताया कि पहले चरण में प्रदेश में कुल 114 महिलाओं को ड्रोन चलाने में दक्ष करने का लक्ष्य है। इस लक्ष्य के सापेक्ष अकेले प्रयागराज में 12 महिलाओं को ड्रोन चलाने के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। सरकार ने क्षेत्रवार फसलों के उत्पादन के हिसाब से महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित कराने के लिए सर्वे कराने का निर्देश दिया है। विभाग अलग-अलग ब्लॉकों में सर्वे करा रहा है। जिसके आधार पर ड्रोन दीदी योजना में महिलाओं की संख्या बढ़ाई जाएगी।