भगवान महावीर के महापरिनिर्वाण स्थल फाजिल नगर को ‘पावा नगरी’ बनाने की घोषणा
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार (27 नवंबर) को गाजियाबाद में आयोजित भगवान पार्श्वनाथ जी की मूर्ति की स्थापना और मंदिर के उद्घाटन कार्यक्रम में एक बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने घोषणा की है कि भगवान महावीर के महापरिनिर्वाण स्थल फाजिल नगर का नाम बदला जाएगा।
सीएम योगी ने कहा:
“भगवान महावीर का जन्म यद्यपि वैशाली में हुआ लेकिन महा परिनिर्वाण उन्होंने उत्तर प्रदेश के कुशीनगर के पावागढ़ में लिया था। आज मुझे बताते हुए प्रसन्नता है कि हमारी सरकार ने उस फाजिल नगर का नाम जहां भगवान महावीर ने अपना महापरिनिर्वाण लिया था उसे हम पावा नगरी के रूप में हम लोगों ने उसके नामकरण को आगे बढ़ाने की कारवाई को आगे बढ़ाया है।”
उत्तर प्रदेश जैन तीर्थंकरों की भूमि
सीएम योगी ने इस दौरान भारत और उत्तर प्रदेश के जैन तीर्थंकरों से जुड़े गौरवशाली इतिहास का जिक्र किया।
- अयोध्या का सौभाग्य: उन्होंने कहा कि यह उत्तर प्रदेश का सौभाग्य है कि हमारे प्रदेश में प्रथम जैन तीर्थंकर भगवान ऋषभदेव और अयोध्या में चार ऐसे पवित्र जैन तीर्थंकर उसी अयोध्या की धरती में पैदा हुए।
- काशी और श्रावस्ती: उन्होंने बताया कि काशी, जिसे दुनिया की आध्यात्मिक नगरी कही जाती है, उस काशी में चार जैन तीर्थंकरों को अवतरित होते हुए दुनिया ने देखा है। हाल ही में श्रावस्ती जाने का अवसर प्राप्त हुआ था, वहां पर भगवान संभवनाथ जी का जन्म जैन तीर्थंकर के रूप में हुआ था।
भारत की परंपरा, त्याग और बलिदान की महागाथा
मुख्यमंत्री ने भारत की परंपरा को ऋषियों, संतों, मुनियों और महापुरुषों के त्याग और बलिदान की एक महागाथा बताया।
- उन्होंने कहा कि यह महागाथा युगों युगों से विश्व मानवता के लिए एक प्रेरणा रही है।
- उसी परंपरा को आगे बढ़ाने के लिए आज भी भारत के अंदर हमारी वे पवित्र उपासना विधियां उसी रूप में उसी श्रद्धा भाव के साथ कार्य करते हुए इस व्यवस्था को आगे बढ़ा रहे हैं।
अयोध्या में भव्य ध्वजारोहण का जिक्र
सीएम योगी ने हाल ही में अयोध्या में संपन्न हुए भव्य कार्यक्रम का भी जिक्र किया।
- राम मंदिर का गौरव: उन्होंने कहा कि अभी तीन दिन पूर्व ही यह हमारा सौभाग्य है, अयोध्या में प्रभु श्री राम के भव्य मंदिर के निर्माण में कार्य को पूर्ण करने के इस महायज्ञ का पूर्णाहुति के कार्यक्रम के साथ ही भव्य भगवा ध्वज का आरोहण प्रधानमंत्री मोदी के कर कमलों से संपन्न हुआ है।
- उन्होंने कहा, “पूरा देश और पूरी दुनिया भारत के सनातन के इस वैभव को देखी है, उसको अनुभव की है।”