Gaya News: बिहार विधानसभा चुनाव से पहले एनडीए में मतभेद उभरते दिख रहे हैं। गया में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री और हम पार्टी के प्रमुख जीतन राम मांझी ने गिरिराज सिंह के ‘नमक हराम’ बयान की तीखी निंदा की है। मांझी ने कहा कि किसी को भी इस तरह की भाषा का प्रयोग नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा, “किसी को भी इस तरह से नमक हराम नहीं कहना चाहिए। आरजेडी के नेता मुस्लिमों को केवल बीजेपी के नाम पर डरा रहे हैं। मोदी जी सबके विकास के लिए काम कर रहे हैं — हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई सभी के लिए।”
NDA में नेतृत्व को लेकर मांझी का बयान
एनडीए की एकता पर बोलते हुए जीतन राम मांझी ने कहा कि गठबंधन में सभी दल इस बात पर सहमत हैं कि चुनाव नीतीश कुमार के नेतृत्व में लड़ा जाएगा, लेकिन उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री का चेहरा पहले से घोषित कर देना चाहिए। मांझी ने कहा, “अगर हमने उन्हें दूल्हा बना ही दिया है तो केवल सहबाला क्यों बता रहे हैं।”
महागठबंधन पर बोला हमला
मांझी ने विपक्षी महागठबंधन पर भी तीखा वार किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और राजद का गठबंधन अब पूरी तरह बिखर चुका है। मांझी बोले, “महागठबंधन अब टूट चुका है। उनके नेता एक-दूसरे से ही लड़ रहे हैं। बिहार में एनडीए की स्थिति मजबूत है और हमारी जीत तय है।”
गिरिराज सिंह के बयान से मचा सियासी बवाल
बता दें कि केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह के ‘नमक हराम’ बयान पर बिहार की राजनीति गरमाई हुई है। एनडीए के सहयोगी दलों में भी इस बयान को लेकर असहमति दिख रही है। मांझी ने कहा कि राजनीति में मर्यादा बनाए रखना जरूरी है और ऐसी भाषा किसी नेता को शोभा नहीं देती।
बिहार चुनावी रण में बढ़ी सरगर्मी
बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण का मतदान 6 नवंबर को होगा। दिवाली के बाद चुनाव प्रचार में और तेजी आने की उम्मीद है। इस बीच, गिरिराज सिंह के बयान ने सियासी तापमान और बढ़ा दिया है।