Pushkar Singh Dhami ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए ₹1,11,703.21 करोड़ का बजट पेश किया है। चुनावी साल से पहले पेश किए गए इस बजट को राज्य के विकास और “विकसित उत्तराखंड” के लक्ष्य की दिशा में बड़ा कदम बताया जा रहा है। सरकार ने इस बजट को “VIGYAN” थीम पर आधारित बताया है—जिसका मतलब है वैल्यू बेस्ड, इनोवेशन ड्रिवन, गुड गवर्नेंस, यूथ-पावर्ड, एकाउंटेबिलिटी और नया उत्तराखंड।
किन विभागों को मिला बड़ा बजट
1. सड़क और बुनियादी ढांचा
सबसे अहम आवंटनों में लोक निर्माण विभाग (PWD) को ₹2,501.91 करोड़ दिए गए हैं। इससे राज्य में नई सड़कों, पुलों और पहाड़ी क्षेत्रों में सुरंगों के निर्माण को बढ़ावा मिलेगा, जिससे पर्यटन और व्यापार को गति मिलने की उम्मीद है।
2. पेयजल व्यवस्था
₹1,827.91 करोड़ का प्रावधान पेयजल विभाग के लिए किया गया है। इससे Jal Jeevan Mission के तहत हर घर तक साफ पानी पहुंचाने के लक्ष्य को मजबूत किया जाएगा।
3. ग्रामीण विकास
ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के लिए ₹1,642.20 करोड़ आवंटित किए गए हैं, ताकि पलायन की समस्या को कम किया जा सके।
4. ऊर्जा क्षेत्र
ऊर्जा विभाग को ₹1,609.43 करोड़ का बजट मिला है। इसका उपयोग बिजली आपूर्ति सुधारने और सौर ऊर्जा जैसी नवीकरणीय परियोजनाओं को बढ़ावा देने में किया जाएगा।
5. शहरी विकास
शहरी विकास के लिए ₹1,401.85 करोड़ का प्रावधान किया गया है, जिससे शहरों में कूड़ा प्रबंधन, स्मार्ट प्लानिंग और बुनियादी सुविधाओं में सुधार होगा।
6. सामाजिक सुरक्षा
सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के लिए ₹1,327.73 करोड़ आवंटित किए गए हैं। इससे वृद्धावस्था, विधवा और दिव्यांग पेंशन के माध्यम से करीब साढ़े नौ लाख जरूरतमंद लोगों को आर्थिक सहायता मिलेगी।
शिक्षा और स्वास्थ्य पर भी फोकस
- माध्यमिक शिक्षा: ₹542.84 करोड़
- उच्च शिक्षा: ₹146.30 करोड़
- तकनीकी शिक्षा: ₹98.50 करोड़
इसके अलावा स्वास्थ्य क्षेत्र में Atal Ayushman Uttarakhand Yojana के लिए ₹600 करोड़ का प्रावधान किया गया है, जिससे गरीब परिवारों को कैशलेस इलाज की सुविधा मिलती रहेगी।
महिलाओं के लिए बढ़ा जेंडर बजट
सरकार ने इस बार जेंडर बजट को बढ़ाकर ₹19,692.02 करोड़ कर दिया है। इसके तहत कई योजनाओं को धनराशि दी गई है, जैसे:
- Nanda Gaura Yojana – ₹220 करोड़
- Pradhan Mantri Matru Vandana Yojana – ₹47.78 करोड़
- मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट योजना – ₹30 करोड़
- मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना – ₹15 करोड़
- महिला स्वयं सहायता समूह सशक्तिकरण योजना – ₹5 करोड़
इसके अलावा चंपावत में महिला स्पोर्ट्स कॉलेज के निर्माण के लिए ₹10 करोड़ और महिला डेयरी विकास के लिए भी बजट प्रावधान किया गया है।
अन्य बड़ी घोषणाएं
- राज्य में स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी की स्थापना
- 6,500 खिलाड़ियों को छात्रवृत्ति
- आपदा प्रबंधन और हेलीकॉप्टर रेस्क्यू सेवाओं के लिए विशेष प्रावधान
- गढ़वाली, कुमाऊंनी और जौनसारी भाषाओं के संरक्षण के लिए आधुनिक तकनीक और AI का उपयोग
मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami के मुताबिक यह बजट केवल आय-व्यय का दस्तावेज नहीं बल्कि प्रदेश के सवा करोड़ लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने का रोडमैप है।