
संसद के विशेष सत्र को लेकर महाराष्ट्र कांग्रेस प्रमुख नाना पटोले ने बड़ा दावा किया है। नाना पटोले ने कहा कि यह सत्र इसलिए बुलाया गया है ताकि मुंबई को महाराष्ट्र से अलग करके केंद्र शासित प्रदेश घोषित कर दिया जाए।
नाना पटोले ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने न तो कोविड पर स्पेशल सत्र बुलाया और न ही नोटबंदी और मणिपुर पर। उन्होंने कहा कि संसद का सत्र सरकार के मूड के हिसाब से चल रहा है। उन्होंने आगे आरोप लगाया कि इस सत्र में मुंबई को केंद्रशासित प्रदेश घोषित करके उसे बाकी महाराष्ट्र से अलग कर दिया जाएगा।
संसद सत्र को लेकर कयासों का दौर
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने 18 से 22 सितंबर तक संसद का विशेष सत्र बुलाया है। इसको लेकर अनुमानों और कयासों का दौर जारी है। इस बीच नाना पटोले ने यह बड़ा आरोप लगा दिया है। नाना पटोले ने अपने बयान में कहा कि मुंबई एक अंतर्राष्ट्रीय शहर है और देश की आर्थिक राजधानी भी है। उन्होंने कहा कि मुंबई के जो पॉवरहाउस रहे हैं, जैसे एयर इंडिया, इंटरनेशनल फाइनेंशियल सर्विस सेंटर और डायमंड मार्केट, उन्हें शहर से बाहर ले जाया जा रहा है।
स्टॉक एक्सचेंज शिफ्ट करने का आरोप
नाना पटोले यहीं नहीं रुके। उन्होंने आगे कहा कि बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज को गुजरात ले जाया जा रहा है। पटोले ने कहा कि सरकार की इस मंशा को पूरा करने में महाविकास अघाड़ी सरकार बाधा बन रही थी। इसलिए केंद्र द्वारा उस सरकार को गिरा दिया गया। बता दें कि केंद्र सरकार की तरफ से सत्र को लेकर जानकारी नहीं दी गई है कि संसद का विशेष सत्र आखिर किस मकसद से बुलाया गया है।