नई दिल्ली: भारत की महिला क्रिकेट टीम ने रविवार (2 नवंबर) को इतिहास रच दिया। टीम इंडिया ने आईसीसी महिला विश्व कप 2025 के फाइनल में दक्षिण अफ्रीका को 52 रनों से हराकर पहली बार वनडे विश्व कप का खिताब अपने नाम किया। इस ऐतिहासिक जीत के साथ ही पूरे देश में खुशी की लहर दौड़ गई है। वहीं, भारतीय ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा के आगरा स्थित घर में जश्न का माहौल है।
दीप्ति शर्मा के पिता बोले – “ये सिर्फ हमारी बेटी नहीं, पूरे देश की जीत है”
टीम की जीत पर दीप्ति शर्मा के पिता भगवान शर्मा ने मीडिया से कहा,
“हम बहुत खुश और गर्व महसूस कर रहे हैं। यह सिर्फ हमारी बेटी की नहीं बल्कि पूरे देश की जीत है। जब दीप्ति घर आएगी तो पूरे आगरा में उसका भव्य स्वागत किया जाएगा। उसने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया और फाइनल में भी टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।”
वहीं, दीप्ति की मां सुशीला शर्मा अपनी भावनाएं रोक नहीं सकीं। उन्होंने कहा,
“हर किसी का सिर गर्व से ऊंचा हो गया है। हमारी बेटियों ने हमें गौरवान्वित किया है। देश की हर बेटी को दीप्ति से प्रेरणा मिलेगी।”
केंद्रीय मंत्री एस.पी. सिंह बघेल ने दी बधाई
इस जीत पर केंद्रीय राज्य मंत्री एस.पी. सिंह बघेल ने भी टीम इंडिया की सराहना की। उन्होंने कहा,
“यह सिर्फ एक जीत नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट इतिहास का स्वर्णिम अध्याय है। दीप्ति शर्मा ने असाधारण प्रदर्शन किया और देश का मान बढ़ाया है। आज की जीत भारत के महिला क्रिकेट के लिए एक नए युग की शुरुआत है।”
फाइनल में भारत ने दिया 299 रनों का लक्ष्य
फाइनल मुकाबले में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 7 विकेट पर 298 रन बनाए। इसके जवाब में दक्षिण अफ्रीका की टीम 246 रन पर ऑलआउट हो गई।
इस जीत में दीप्ति शर्मा ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 5 विकेट झटके और मैच का रुख भारत की ओर मोड़ दिया।
हालांकि दक्षिण अफ्रीकी कप्तान लॉरा वोल्वार्ट ने 101 रनों की शानदार पारी खेली, लेकिन टीम को जीत नहीं दिला सकीं।
भारत की ओर से शेफाली वर्मा ने 87 रन बनाए और 2 विकेट भी लिए, जिसके लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
52 साल के इतिहास में पहली बार महिला टीम बनी विश्व चैंपियन
भारत ने महिला क्रिकेट के 52 साल के इतिहास में पहली बार वनडे विश्व कप जीता है। इस जीत ने न सिर्फ खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया है, बल्कि भारतीय महिला क्रिकेट के नए युग की शुरुआत भी कर दी है।