लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को नवम्बर माह के पहले जनता दर्शन कार्यक्रम में लोगों की समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि हर शिकायत का समाधान समयबद्ध और प्रभावी तरीके से किया जाए।
जनता दर्शन में 60 से अधिक लोग पहुंचे
सीएम योगी से प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए 60 से अधिक लोग मिले। अधिकांश लोगों ने पुलिस कार्रवाई में लापरवाही, जमीन विवाद, पारिवारिक झगड़ों और इलाज में आर्थिक मदद जैसी शिकायतें रखीं।
मुख्यमंत्री ने सभी फरियादियों की बातें ध्यानपूर्वक सुनीं और संबंधित अफसरों से कहा कि —
“सिर्फ रिपोर्ट भेजने की औपचारिकता न करें, यह भी सुनिश्चित करें कि पीड़ित को समाधान से संतोष मिले।”
उन्होंने जोर देकर कहा कि जनता की शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण सरकार की प्राथमिकता है और अफसरों को इसे हर हाल में पालन करना होगा।
पुलिस की लापरवाही पर सीएम का एक्शन
जनता दर्शन के दौरान कुछ लोगों ने चोरी की घटनाओं में रिकवरी न होने और पुलिस की उदासीनता की शिकायत की।
इस पर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को तत्काल जांच और कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि —
“किसी निर्दोष को परेशान न किया जाए, लेकिन अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी है।”
“किसी गरीब का इलाज धन के अभाव में नहीं रुकेगा”
कार्यक्रम के दौरान एक व्यक्ति ने बीमार परिजन के इलाज के लिए आर्थिक सहायता की मांग की। इस पर सीएम योगी ने संवेदनशीलता दिखाते हुए कहा —
“आप अस्पताल से सिर्फ एस्टीमेट बनवाकर भिजवाइए, बाकी चिंता हम करेंगे। किसी गरीब का इलाज धन के अभाव में नहीं रुकेगा।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की मंशा है कि हर जरूरतमंद को इलाज, शिक्षा और सुरक्षा का पूरा हक मिले।
बच्चों से की मुलाकात, दी चॉकलेट
जनता दर्शन में आए नन्हे बच्चों से मुख्यमंत्री ने बातचीत की, उन्हें दुलारा और चॉकलेट भेंट की। उन्होंने बच्चों से कहा —
“खूब पढ़ो, खेलो और माता-पिता का नाम रोशन करो।”
जनता दर्शन: योगी सरकार की संवेदनशील पहल
सीएम योगी का जनता दर्शन कार्यक्रम हर सप्ताह गोरखपुर में आयोजित होता है। इसमें मुख्यमंत्री खुद लोगों की समस्याएं सुनते हैं और मौके पर समाधान के निर्देश देते हैं।
यह पहल जनता से सीधे संवाद और संवेदनशील शासन व्यवस्था की पहचान बन चुकी है, जिससे लोगों के मन में सरकार के प्रति भरोसा और निकटता बढ़ी है।