बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से पहले एनडीए में सीट बंटवारे को लेकर सियासी खींचतान तेज हो गई है। हम (हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा) के अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सीट शेयरिंग पर बड़ा दावा किया है। मांझी ने कहा कि उनकी पार्टी को कम से कम 17-18 सीटें मिलनी चाहिए।
मांझी ने रखी बड़ी मांग
गुरुवार (11 सितंबर) को मीडिया से बातचीत में जीतन राम मांझी ने कहा-
“हम पार्टी को दो लोकसभा और एक राज्यसभा देने का वादा किया गया था। उसके अनुसार हमें विधानसभा चुनाव में 17-18 सीटें मिलनी चाहिए। अगर हमारे 7-8 विधायक जीतकर आते हैं तो पार्टी को मान्यता प्राप्त दल का दर्जा मिलेगा।”
हालांकि मांझी ने यह भी स्पष्ट किया कि एनडीए में किसी तरह का मतभेद नहीं है और “जो सामूहिक रूप से तय होगा, हम उसे स्वीकार करेंगे।”
चिराग पासवान पर कसा तंज
मांझी ने चिराग पासवान पर भी अप्रत्यक्ष निशाना साधते हुए कहा-
“चिराग पासवान को जो सीट मिलेगी, उसे स्वीकार करना होगा। उन्होंने 2020 के चुनाव में अपना हाल देख लिया था।”
मांझी के इस बयान से माना जा रहा है कि एनडीए के अंदर सीट बंटवारे पर चिराग की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
एनडीए में सीट शेयरिंग का गणित
हालांकि अभी सीट बंटवारे पर आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में चल रही चर्चा के अनुसार:
- जेडीयू – 102 सीटें
- बीजेपी – 101 सीटें
- एलजेपी (रामविलास) – 20 सीटें
- हम (जीतन राम मांझी) और आरएलएम – 10-10 सीटें
इस हिसाब से मांझी 7-8 सीटें अतिरिक्त पाने के लिए दबाव बनाते नजर आ रहे हैं।