भोजपुरी सुपरस्टार पवन सिंह ने बिहार की राजनीति को लेकर चल रही सभी अटकलों पर विराम लगा दिया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वह बिहार विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे। पवन सिंह ने यह ऐलान सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर किया और स्पष्ट किया कि उनका राजनीति में आने का उद्देश्य चुनाव लड़ना नहीं, बल्कि पार्टी का एक सच्चा सिपाही बने रहना है।
“मैं विधानसभा चुनाव नहीं लड़ना चाहता” – पवन सिंह
पवन सिंह ने अपने पोस्ट में लिखा,
“मैं पवन सिंह अपने भोजपुरीया समाज से बताना चाहता हूँ कि मैं बिहार विधानसभा चुनाव लड़ने के लिए पार्टी ज्वॉइन नहीं किया था और नाहीं मुझे विधानसभा चुनाव लड़ना है।”
उनके इस बयान के बाद अब यह पूरी तरह तय हो गया है कि पवन सिंह आगामी विधानसभा चुनावों में उम्मीदवार के रूप में मैदान में नहीं उतरेंगे।
बीजेपी नेताओं से मुलाकात के बाद उठे थे कयास
पिछले कुछ हफ्तों से पवन सिंह की बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकातों की खबरों ने अटकलों को जन्म दिया था कि वे इस बार चुनावी मैदान में उतर सकते हैं। लेकिन अब उन्होंने खुद स्पष्ट कर दिया है कि उनका फोकस राजनीति नहीं बल्कि भोजपुरी सिनेमा और संगीत जगत पर ही रहेगा।
पत्नी ज्योति सिंह से विवाद के बीच आया ऐलान
इधर, पवन सिंह का निजी जीवन भी सुर्खियों में बना हुआ है। उनकी पत्नी ज्योति सिंह के साथ चल रहे विवाद ने मीडिया में खासा ध्यान खींचा है। ज्योति सिंह ने उन पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं, जिससे यह मामला कानूनी और सामाजिक दोनों स्तरों पर चर्चा में है। माना जा रहा है कि इसी विवाद के बीच पवन सिंह ने सार्वजनिक रूप से राजनीति से दूरी बनाए रखने का फैसला किया है।
पवन सिंह के इस बयान के बाद उनके प्रशंसकों में राहत की भावना है, जबकि राजनीतिक हलकों में इसे बीजेपी की चुनावी रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।