
यूपी की राजधानी लखनऊ में गुरुवार को बड़ा हादसा हो गया। बालागंज में जेपीएस चिल्ड्रेन हास्पिटल के बाहर गुरुवार को ऑक्सीजन भरा सिलेंडर हाफ डाला से उतारते समय तेज धमाके से फट गया। हादसे में डाला ड्राइवर आरिफ (30) के हाथ-पैर के चीथड़े उड़ गये, जबकि ऑक्सीजन प्लांट के कर्मचारी शोभित (21) भी गम्भीर रूप से घायल हो गया।
आरिफ की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि शोभित को मशक्कत के बाद ट्रॉमा ले जाया जा सका। विस्फोट इतना तेज था कि एक कार का शीशा चकनाचूर हो गया। पास स्थित मंदिर के दरवाजे पर लगा कांच भी टूट गया। धमाके से हवा में कई फुट ऊपर उछला सिलेण्डर कार की छत पर आकर गिरा। इस मंजर से करीब दो घंटे तक आस पास अफरातफरी मची रही। हरदोई रोड पर कुछ देर आवागमन भी बाधित हुआ।
बालागंज पुलिस चौकी के सामने जेपीएस चिल्ड्रेन हास्पिटल में आक्सीजन गैस के सिलेंडर की सप्लाई फरीदीपुर स्थित एलाइट इंटरप्राइजेज ऑक्सीजन प्लांट से होती है। गुरुवार को प्लांट की गाड़ी से रहीमाबाद, मवई कला निवासी आरिफ सिलेण्डर लेकर अस्पताल आया था। उसके साथ प्लांट का कर्मचारी हरदोई, बालामऊ निवासी शोभित भी था। दोनों करीब एक बजे अस्पताल पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक शोभित और आरिफ हाफ डाला से जैसे ही पहला सिलेंडर नीचे उतार कर जमीन पर गिराया। तेजी के साथ गिरते ही वह धमाके के साथ फट गया।
कई फुट ऊपर उछला सिलेण्डर, ड्राइवर का पैर उड़ा
धमाके के साथ सिलेण्डर कई फुट तक ऊपर उछल गया और आरिफ के हाथ-पैर के चीथड़े उड़ गये। आरिफ और शोभित के शरीर के मांस के टुकड़े काफी दूर तक बिखर गये। आस पास मौजूद हर कोई दहशत में आ गया। हरदोई रोड पर अफरातफरी मच गई। पुलिस चौकी पर मौजूद दरोगा-सिपाही वहां पहुंचे। दोनों को काफी मशक्कत कर किसी तरह एम्बुलेंस से ट्रॉमा ले जाया गया, जहां आरिफ को मृत घोषित कर दिया गया था। एसीपी चौक सुनील शर्मा, एडीसीपी समेत कई अधिकारी ट्रॉमा सेन्टर पहुंच गये थे। डॉक्टरों के मुताबिक शोभित की हालत गम्भीर है। एसीपी चौक सुनील कुमार शर्मा का कहना है कि इस मामले में अभी कोई तहरीर नहीं दी गई है।