उत्तर प्रदेश के युवाओं के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कई बड़े ऐलान किए हैं। 2 सितंबर को लखनऊ में उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम (UPCOS) के शुभारंभ कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने युवाओं के रोजगार, डिजिटल शिक्षा, स्टार्टअप और स्वरोजगार से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसलों की जानकारी दी। इसके साथ ही आउटसोर्स कर्मचारियों के मानदेय में करीब 100 फीसदी बढ़ोतरी और उनके लिए दुर्घटना सुरक्षा बीमा व हेल्थ बीमा की घोषणा भी की गई।
6 महीने में 1 लाख सरकारी नौकरियों की तैयारी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने युवाओं के लिए पहले बड़े ऐलान में बताया कि अगले छह महीनों के भीतर 1 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी देने की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने नियुक्तियों में पारदर्शिता पर भी विशेष जोर दिया।
दूसरे बड़े ऐलान के तहत युवाओं और विद्यार्थियों को डिजिटल रूप से सक्षम बनाने के लिए 25 लाख टैबलेट उपलब्ध कराने की योजना को आगे बढ़ाया गया है। यह योजना स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के तहत संचालित की जा रही है।
तीसरे ऐलान में युवाओं के आइडिया, इनोवेशन और स्टार्टअप को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। इसके लिए प्रदेश के हर जिले में यूथ इनक्यूबेशन सेंटर बनाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही राज्य युवा आयोग के गठन की दिशा में भी कदम बढ़ाया गया है।
हर कॉलेज में प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग
चौथे ऐलान में मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों के लिए बड़ा कदम उठाने की जानकारी दी। उन्होंने प्रत्येक कॉलेज में मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के तहत प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग शुरू करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा छात्रवृत्ति और रोजगार से जुड़ी सुविधाओं को एक साझा प्लेटफॉर्म पर लाने की बात भी कही गई है।
पांचवें ऐलान के तहत यूपी स्टार्टअप नीति-2026 को लेकर सरकार की ओर से दी गई प्रोत्साहन राशि की जानकारी सामने आई। 27 अगस्त को 107 स्टार्टअप्स को ₹3.42 करोड़ से अधिक तथा 9 इनक्यूबेटर्स को ₹1.79 करोड़ की प्रोत्साहन राशि दी गई। इसी दौरान UP Startup Mission Portal भी लॉन्च किया गया।
छठे बड़े ऐलान में मुख्यमंत्री ने युवा स्वरोजगार के लिए बजट में किए गए प्रावधान की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के लिए ₹225 करोड़ का प्रावधान किया गया है।
सातवें ऐलान के तहत हर साल करीब 1 लाख युवाओं को उद्यमी बनाने का लक्ष्य रखा गया है। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान का उद्देश्य अगले 10 वर्षों में 10 लाख उद्यमी तैयार करना है। इसके तहत हर साल लगभग 1 लाख युवाओं को स्वरोजगार और उद्यमिता से जोड़ने का लक्ष्य है।
UPCOS पोर्टल लॉन्च, 20 लाख आउटसोर्स कर्मचारियों को राहत का दावा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम के दौरान UPCOS पोर्टल का भी शुभारंभ किया। इसके बाद उन्होंने कहा कि सरकार प्रत्येक कार्मिक के श्रम को सम्मान देने के लिए प्रतिबद्ध है। उनके मुताबिक, तकनीक के इस्तेमाल से व्यवस्था में पारदर्शिता लाई जा रही है और मजबूत सिस्टम के जरिए कार्मिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रमिकों और कर्मचारियों के हितों की रक्षा के साथ पारदर्शी, सुरक्षित और व्यवस्थित कार्यप्रणाली ही नए उत्तर प्रदेश की पहचान है।
सरकार के अनुसार, UPCOS से राज्य के करीब 20 लाख आउटसोर्स कर्मियों को बिचौलियों के शोषण से राहत मिलेगी। भर्ती से लेकर सैलरी तक की प्रक्रिया डिजिटल पोर्टल पर मॉनिटर होगी। वेतन से कटौती बंद करने, EPF-ESI समय पर जमा कराने के साथ दुर्घटना बीमा के तहत 20 से 50 लाख रुपये, आग की स्थिति में 10 लाख रुपये, इलाज के लिए 5 लाख रुपये और मृत्यु की स्थिति में तुरंत 50,000 रुपये जैसी सुविधाएं देने की बात कही गई है।
योगी सरकार ने युवाओं के लिए अब तक किए ये ऐलान
योगी सरकार की ओर से युवाओं को रोजगार, स्वरोजगार, डिजिटल कौशल और शिक्षा से जोड़ने के लिए कई योजनाओं और नीतियों की घोषणा की गई है।
यूथ ब्रिगेड स्कीम (CM-YUVA): 15 अगस्त को घोषित इस योजना के पहले चरण में 5 लाख रुपये तक के लोन पर 4 साल के लिए 100 फीसदी ब्याज सब्सिडी और दूसरे चरण में 10 से 20 लाख रुपये तक के लोन पर 3 साल के लिए 50 फीसदी सब्सिडी का प्रावधान बताया गया है। योजना में 21 से 40 वर्ष की आयु के युवाओं को लक्षित किया गया है और हर साल 1 लाख माइक्रो-एंटरप्राइज तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है।
यूपी स्टार्टअप पॉलिसी 2026: 27 अगस्त को Startup Mission Portal लॉन्च किया गया। इसी के साथ 107 स्टार्टअप्स को ₹3.42 करोड़ और 9 इनक्यूबेटर्स को ₹1.79 करोड़ की सहायता राशि वितरित की गई।
डिजिटल कौशल पोर्टल्स: कौशल विकास का बजट बढ़ाकर ₹3,310 करोड़ किया गया है, जो पहले के मुकाबले 9 गुना अधिक बताया गया है। कौशल दिशा, दर्पण, दृष्टि, कॉल सेंटर और चैटबॉट समेत 5 नए पोर्टल शुरू किए गए हैं। वित्तीय वर्ष 2026-27 में 10 लाख युवाओं को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य रखा गया है।
मुफ्त टैबलेट योजना: 26 अगस्त को कैबिनेट ने स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना के तहत 25 लाख छात्रों और युवाओं को मुफ्त टैबलेट देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी। इस योजना की लागत ₹2,374.60 करोड़ बताई गई है।
नई एकीकृत युवा नीति: 7 अगस्त को घोषित इस नीति में 16 से 35 वर्ष के युवाओं के लिए शिक्षा, रोजगार, कौशल, स्टार्टअप, खेल और AI जैसे क्षेत्रों पर फोकस किया गया है। इसके साथ अलग राज्य युवा आयोग के गठन की भी बात कही गई है।
1 लाख नई सरकारी नौकरियां: 26 अगस्त को मुख्यमंत्री ने बताया था कि पिछले 9 वर्षों में 9.3 लाख सरकारी नौकरियां दी गई हैं। अब अगले छह महीनों में 1 लाख और युवाओं को नियुक्ति पत्र देने की तैयारी है।
यूपी पुलिस में बड़ी भर्ती: कांस्टेबल, सब-इंस्पेक्टर, होमगार्ड और तकनीकी पदों समेत पुलिस से जुड़े पदों पर कुल 1 लाख से अधिक वैकेंसी होने की जानकारी दी गई है। भर्ती प्रक्रिया में पेपर लीक रोकने के लिए टेक्नोलॉजी आधारित व्यवस्था पर जोर दिया गया है।
जेन-जी रोजगार योजना (SVPEIZ): 25 अगस्त की कैबिनेट बैठक में इस योजना को मंजूरी दी गई। इसका विशेष फोकस 18 से 25 वर्ष के प्रथम-मतदाता युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने पर है।
छात्रवृत्ति योजनाएं: पिछड़ा वर्ग छात्रवृत्ति के लिए आवेदन 11 अगस्त से शुरू किए गए हैं, जिससे 36 लाख से अधिक छात्रों को लाभ मिलने की बात कही गई है। वहीं सामान्य छात्रवृत्ति पोर्टल 1 सितंबर को दोबारा खोला गया और 3.16 लाख वंचित छात्रों को 2 अक्टूबर तक भुगतान किए जाने का लक्ष्य है।