राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत इन दिनों अपने तीन दिवसीय प्रवास पर गृह जिले जोधपुर पहुंचे हुए हैं। रविवार को जोधपुर सर्किट हाउस में मीडिया से बातचीत के दौरान गहलोत ने कई राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर बात की और नगर निगम व निकाय चुनाव को लेकर किए गए परिसीमन पर बीजेपी सरकार पर तीखा हमला बोला।
उन्होंने परिसीमन को पूरी तरह मनमर्जी और पक्षपात पूर्ण कार्रवाई बताया। गहलोत ने आरोप लगाया कि परिसीमन के जरिए अल्पसंख्यकों (माइनॉरिटी) के साथ सरकार का रवैया पक्षपात पूर्ण है।
परिसीमन पर भजनलाल सरकार को घेरा
अशोक गहलोत ने भजनलाल शर्मा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा:
“इस बार राज्य में हुआ परिसीमन पूरी तरह मनमर्जी और पक्षपातपूर्ण है। इस बार जो परिसीमन किया गया है, उसमें साफ दिखाई देता है कि माइनॉरिटी की सीटों को कैसे प्रभावित किया जाए।”
उन्होंने परिसीमन को “इनकी दादागिरी का उदाहरण” बताते हुए कहा कि “सरकार ने अपनी मर्जी से पूरा परिसीमन कर दिया है।” गहलोत ने कहा कि लोकतंत्र में इस तरह का खेल जनता के साथ नाइंसाफी है। कांग्रेस इस मुद्दे पर जनता के बीच जाएगी और सरकार की गलत नीतियों को उजागर करेगी।
नवनियुक्त जिला अध्यक्षों को दिया संदेश
हाल ही में राजस्थान कांग्रेस ने जिला अध्यक्षों की घोषणा की है। गहलोत ने सभी नवनियुक्त अध्यक्षों को बधाई देते हुए संगठन को मजबूत करने के लिए एकजुट रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि:
“संगठन को मजबूत करने के लिए एकजुट रहना ही जीत का रास्ता है। कांग्रेस कार्यकर्ता यदि संगठित होकर काम करें, तो आने वाले समय में शानदार परिणाम सामने आएंगे।”
गहलोत ने कहा कि अंता उपचुनाव में मिली जीत के बाद कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता उत्साहित हैं, जिसके मद्देनजर एक बार फिर जनता से जुड़कर बीजेपी सरकार को घेर रहे हैं। अपने प्रवास के दौरान गहलोत कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर आगामी रणनीति पर चर्चा करेंगे।