केंद्र सरकार GST ढांचे में ऐतिहासिक बदलाव की तैयारी में है। प्रस्तावित व्यवस्था के तहत आम इस्तेमाल की वस्तुओं पर टैक्स घटाकर 5% किया जाएगा, जबकि महंगे और लग्जरी उत्पादों पर 40% तक GST लगाया जाएगा। सरकार का दावा है कि इस कदम से आम जनता को बड़ी राहत मिलेगी और खपत में इजाफा होगा।
12% स्लैब होगा खत्म
वर्तमान में 12% GST स्लैब में आने वाली लगभग 99% वस्तुओं को 5% श्रेणी में लाया जाएगा। इसमें रोजमर्रा के घरेलू सामान, सस्ते कपड़े और आम जरूरत की चीजें शामिल होंगी। सरकार का मानना है कि टैक्स कम होने से आम उपभोक्ताओं का खर्च घटेगा और बाजार में मांग बढ़ेगी।
लग्जरी और हानिकारक वस्तुओं पर भारी टैक्स
महंगी कारें, ब्रांडेड शराब, तंबाकू उत्पाद और अन्य लग्जरी सामान पर 40% GST लगेगा। तंबाकू पर कुल टैक्स भार फिलहाल के 88% स्तर पर ही बनाए रखा जाएगा। सरकार का उद्देश्य है कि लग्जरी वस्तुओं पर अधिक कर लगाकर राजस्व संतुलित किया जाए।
28% स्लैब भी बदलेगा
मौजूदा 28% GST स्लैब में आने वाले करीब 90% उत्पादों को 18% श्रेणी में लाने का प्रस्ताव है। हालांकि, पेट्रोलियम उत्पाद फिलहाल GST के दायरे से बाहर ही रहेंगे।
सरकार की उम्मीद
सरकार का अनुमान है कि टैक्स दरों में कमी से खपत में तेज बढ़ोतरी होगी, जिससे कम दरों से होने वाले राजस्व नुकसान की भरपाई हो जाएगी। यह बदलाव उपभोक्ताओं और छोटे कारोबारियों के लिए राहत का बड़ा पैकेज साबित हो सकता है।