पेपर लीक और नौकरियों में देरी पर झलकी बीजेपी की चिंता, आरक्षण पर हुई ये बात

यूपी में लोकसभा चुनाव में लगे झटके की कसक भाजपा के राजनीतिक प्रस्ताव में झलकी। यही कारण है कि युवाओं के सबसे ज्वलंत मुद्दे पेपर लीक और इसके चलते सरकारी नौकरियों में होने वाले गतिरोध को प्रस्ताव में जगह मिली।राजनीतिक प्रस्ताव में कहा गया कि सरकारी भर्ती हो या फिर परीक्षाएं, किसी भी कारण से इनमें रुकावट नहीं आनी चाहिए। इनमें शुचिता और पारदर्शिता बहुत जरूरी है।पेपरलीक के दोषियों को कड़ी सजा दिलाएंगे हाल ही में कुछ परीक्षाओं में हुई पेपर लीक की घटनाओं की निष्पक्ष जांच और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलवाने के लिए भाजपा सरकार प्रतिबद्ध है। इसके अलावा हिंदू विरोधी भाषण के लिए राहुल की निंदा, तीसरी बार मोदी सरकार बनवाने के लिए जनता का आभार, सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के पथ पर आगे बढ़ने के संकल्प भी इस प्रस्ताव का हिस्सा बने। संविधान को लेकर विपक्षी एजेंडे को जनता के बीच बेनकाब करने की प्रतिबद्धता भी इस प्रस्ताव में दर्शायी गई है। हालिया लोकसभा चुनाव में युवाओं के बीच पेपर लीक भी बड़ा मुद्दा था। इसके चलते प्रतियोगी परीक्षाओं के साथ ही सरकारी नौकरियां भी प्रभावित हो रही हैं। इसे लेकर युवा वर्ग में नाराजगी थी। माना जा रहा है कि इसका असर चुनावी नतीजों पर भी पड़ा। अब इस स्थिति से उबरने को पार्टी ग्यान पथ पर आगे बढ़ेगी यानि गरीब, युवा, अन्नदाता और नारी को साधेगी। सबसे ज्यादा फोकस युवा वर्ग पर रहेगा।युवाओं को दिलाएंगे भरोसा, सरकार आपके साथ भाजपा युवाओं के बीच जहां उनके हित में लिए फैसले गिना कर उनका भरोसा जीतने का प्रयास करेगी। वहीं युवाओं को यह विश्वास भी दिलाएगी कि हमारी सरकार का निरंतर प्रयास है कि देश के युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का उचित अवसर मिले। संसद ने भी परीक्षा में होने वाली गड़बड़ियों के विरुद्ध एक सख्त कानून बनाया है। हमारी सरकारें परीक्षाओं से जुड़ी संस्थाओं, उनके कामकाज के तरीके, परीक्षा प्रक्रिया, सभी में बड़े सुधार करने की दिशा में काम कर रही हैं।राजनीतिक प्रस्ताव में इस बात का भी जिक्र है कि मोदी सरकार ने 10 साल में 10 लाख से अधिक सरकारी नौकरियां प्रदान कीं, जो यूपीए की तुलना में डेढ़ गुनी हैं जबकि प्रदेश सरकार ने भी सात साल में सात लाख सरकारी नौकरी दी हैं। यूपी में बेरोजगारी दर 3 फीसदी से कम रहने पर योगी सरकार का धन्यवाद भी ज्ञापित किया गया। इसके अलावा किसान सम्मान निधि, नारी शक्ति वंदन अधिनियम, नमो ड्रोन दीदी योजना सहित तमाम अन्य योजनाओं को भी इस प्रस्ताव में जगह दी गई है।एससी-ओबीसी आरक्षण के लिए जताई प्रतिबद्धता राजनीतिक प्रस्ताव की अन्य प्रमुख बातों में विपक्ष के झूठे प्रचार के कारण चुनाव में सफलता न मिलने का जिक्र रहा। आरक्षण खत्म करने, महिलाओं को हर माह 8500 रुपये देने, संविधान बदलाव जैसे विपक्षी झूठ के कारण मनमाफिक नतीजे न आने की बात कही गई। वहीं साफ किया कि भाजपा ओबीसी और एससी आरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। सपा को आरक्षण व बाबा साहब का विरोधी बताया। वहीं सांस्कृतिक समृद्धता के कार्यों के लिए पीएम मोदी और मुख्यमंत्री योगी को धन्यवाद को प्रेषित किया गया गया। उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था को पूरे देश के लिए उदाहरण भी बताया गया। राजनैतिक प्रस्ताव प्रदेश महामंत्री अनूप गुप्ता ने पेश किया।

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